'भारतीय भाषाओं में समन्वय : समन्वय की भाषा' पर विशेष व्याख्यान


गणतंत्र दिवस समारोह
केरल केन्द्रीय विश्वविद्यालय
दिनांक 26 जनवरी 77 वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर केरल केंद्रीय विश्वविद्यालय में गणतंत्र दिवस समारोह का भव्य आयोजन किया गया। इस समारोह के अंतर्गत नृत्य, देशभक्ति गीत तथा योग नृत्य जैसे विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए। कार्यक्रम की शुरुआत माननीय कुलपति प्रोफेसर सिद्ध पी. अलगुर द्वारा झंडा रोहण से हुयी इसके बाद सुरक्षा गार्डों और विद्यालय के बच्चों द्वारा बैंड के साथ परेड करते हुए राष्ट्रीय ध्वज को सलामी दी गयी। प्रोफेसर सिद्ध पी. अलगुर ने अपने संबोधन में कहा कि - आज ही के दिन 1950 में हमारा संविधान लागू हुआ जिसके तहत हमें अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता प्राप्त हुयी, इसलिए जरूरी नहीं है कि हम एक दूसरे की विचार धारा से पूर्णताः सहमत हों, उन्होंने शोधार्थियों-विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि हमें गुणवत्ता पूर्ण शिक्षा प्राप्त करनी है केवल कक्षा कक्ष में प्राप्त होने शिक्षा ही नहीं उसके बाहर की कौशल आधारित शिक्षा जो हमें एक रोजगार प्रदान कर सके। इसके पश्चात सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन हुआ जिसमें हिंदी विभाग की ओर से डाॅ. राम बिनोद रे (सहायक आचार्य) प्रियंका जवंजाल, दिवाकर कौशिक, (शोधार्थी) ऋतुवर्णा एम. के., कीर्ति राज पी., मंजिमा पी., मौहिबा अब्दुल लतीफ, नंदिता के. वी., आयशतु सदीदह, अश्वती (स्नातकोत्तर उत्तरार्द्ध) शिव प्रसाद (कंप्यूटर साइंस) की टीम ने सामुहिक देशभक्ति गीत वंदे मातरम, ऐ वतन वतन आबाद रहे तू गीत (Patriotic Song) पर प्रस्तुति की।
इस कार्यक्रम में हिंदी विभाग के सहायक आचार्य डॉ. राम बिनोद रे की सक्रिय उपस्थिति रही। उनके मार्गदर्शन में विद्यार्थियों ने तैयारी करके प्रभावशाली प्रस्तुति दी।
इस प्रस्तुति को दर्शकों द्वारा अत्यंत सराहा गया और कार्यक्रम का वातावरण देशभक्ति की भावना से ओत-प्रोत हो गया।
इस कार्यक्रम ने हम सभी के भीतर देशप्रेम, राष्ट्रीय एकता और सांस्कृतिक चेतना की भावना को और अधिक सुदृढ़ किया।
माननीय कुलपति प्रो. सिद्दु पी.आलगुर ने सभी प्रतिभागियों के साथ सामुहिक फोटो सेशन में भाग लिया।
हिन्दी विभाग, केरल केन्द्रीय विश्वविद्यालय
लैंगिक संवेदनशीलता की शपथ : यूजीसी निर्देशानुसार शपथ ग्रहण समारोह
दिनांक 14 जनवरी 2026 को हिन्दी विभाग, केरल केन्द्रीय विश्वविद्यालय में विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) द्वारा जारी निर्देशों के अनुपालन में एक विशेष शपथ ग्रहण समारोह का आयोजन किया गया। इस समारोह का मुख्य उद्देश्य लैंगिक असमानता को समाप्त करना तथा सभी क्षेत्रों में लैंगिक संवेदनशीलता और समानता को सुनिश्चित करना था।
विभागीय कक्ष में आयोजित इस गरिमामय कार्यक्रम में विभागाध्यक्ष प्रो. (डॉ.) तारु एस. पवार, पूर्व विभागाध्यक्ष प्रो. (डॉ.) मनु, सहायक आचार्य डॉ. धर्मेन्द्र प्रताप सिंह तथा डॉ. राम बिनोद रे सहित विभाग के समस्त शोधार्थी और विद्यार्थी उपस्थित रहें।
समारोह के दौरान प्रो. (डॉ.) मनु ने लैंगिक समानता से संबंधित शपथ ग्रहण करवाया, जिसे सभी उपस्थित शिक्षकगण, शोधार्थी तथा विद्यार्थियों ने एक स्वर में दोहराते हुए सामूहिक रूप से ग्रहण किया। यह सामूहिक शपथ विभाग एवं विश्वविद्यालय में समावेशी, सम्मानजनक और समानतामूलक शैक्षणिक वातावरण की स्थापना की दिशा में एक सार्थक एवं प्रेरणादायी कदम सिद्ध हुई।
नीचे कुछ समान शपथ ग्रहण समारोहों की झलकियाँ दी गई हैं, जो इस प्रकार के आयोजनों की भावना को दर्शाती हैं:
'भारतीय भाषाओं में समन्वय : समन्वय की भाषा' पर विशेष व्याख्यान दिनांक: 23 जनवरी, 2026 को कासरगोड: केरल केंद्रीय विश्वविद्यालय के ...